आँखो की कविता ; तेरी आँखों की चमक मेरी दुनिया की रोशनी हैं ——– तेरे बिना मेरी जिन्दगी अधूरी है।

मीमांसा डेस्क।   तेरी आँखों की चमक मेरी दुनिया की रोशनी है , तेरी आँखों के…

टूटे दिल की कविता ; टूटे हुए सपनों की खामोश कहानी

मीमांसा डेस्क। टूटे हुए सपनों की खामोश कहानी आँखों में छुपी रह गई बेनाम निशानी वो…

साहित्यक रचनाएँ संकीर्णता

  जब जब मैंने अपने ही मुख से अपनी प्रशंसा की तो तुमने मुझे आत्म प्रशंसक…

रूमानी गीत ;तुम्हारी इनायत

  अपनी नजर को मेरी नजरों से तुम मिला दो। आँखों के जाम से तुम थोड़ी…

गजल ; स्वागत

  बैठिए पास मेरे करीब आइए इस तरह दूर रहके न तरसाइए। देखिये कब से फैली…

भीषण बाढ़ विभीषिका…!

लाखों परिवार अपने ही घरों में कैद, भीषण बाढ़ विभीषिका झेलते खेद।        …

भगवान गणेश ; भगवान गणेश को क्यों प्रिय है लड्डू

    पूजा पपनेजा। भगवान गणेश को ‘विघ्नहर्ता’ और ‘सिद्धिविनायक’ कहा जाता है, और उनकी पूजा…

सामयिकी कविताएँ ; गोबर

हमारी कर्मस्थली में एक मुख्य स्थान पर गोबर का एक बड़ा ढेर है तकरीबन सभी उसे…

साहित्यक रचनाएँ ;सत्य से निवेदन

    सत्य। तुम एतिहासिक हो। हम तुम्हें अच्छी तरह जानते हैं। मंसूर के हाथ कटने…

गजल ; ये यादें

    भरती कभी नागिन सी हैं फुफकार ये यादें दीमक सी चाटती कभी – कभार…