मुझसे अगर वो पाँच मिनट बात करेंगे जो हैं नही उनके लिए कुछ गालियों के साथ।…
Category: साहित्य
प्रेम कविता ; शिकायतें तो बहुत है मुझे तुमसें ——— मगर शिकायत मै करूं कैसे
शिकायतें तो बहुत है मुझे तुमसें मगर शिकायत मै करूं कैसे ? अपनी हर बात…
विकलांग व्यक्ति के संघर्ष की कहानी
पूजा पपनेजा। यह कहानी दिल्ली के डाबरी मोड़ के रहने वाली शिवम् शर्मा…
प्रेम कविता ; दिल क्यों तुझे न चाहते हुए भी ——— बार – बार याद करना चाहता है ?
मीमांसा डेस्क। दिल क्यों तुझे न चाहते हुए भी बार – बार याद करना चाहता है…
दिल की कविता ; जब मेरा दिल धड़कता है तो उसी की यादें आती है।
जब मेरा दिल धड़कता है। तो बस उसी की यादें आती है। जब वह मेरे सामने…
आज ही क्यों दुनिया वाले दुनियादारी निभा रहे है ,
जब जिंदा था , तब किसी ने अपने पास बिठाया ही नही। आज खुद ही मेरे…