दिल्ली के सत्य निकेतन हादसे के बाद रघुबीर नगर के मकानों पर हुई MCD की कार्रवाई।

 

पूजा पपनेजा।

दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में रविवार को लड़कों के लिए PG के तौर पर इस्तेमाल हो रही एक इमारत अचानक गिर गई। इस हादसे में अब तक कई लोगों की मौत भी हो चुकी है, जबकि कई अन्य लोग घायल भी हो चुके हैं। हादसे के अगले दिन भी NDRF, SDRF और अन्य बचाव टीमें मलबा हटाने और उसके नीचे दबे लोगों की तलाश करने में जुटी हुई थी । वही राजधानी दिल्ली में अब बिल्डिंग सेफ्टी, निर्माण नियमों और आग से सुरक्षा के नियमों के पालन को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इसी कड़ी को देखते हुए दिल्ली के राजधानी में पुराने और जर्जर मकानों को लेकर प्रशासन की ओर से चिंता बढ़ गई है।अब दिल्ली नगर निगम (MCD) की ओर से कई इलाकों में पुराने और असुरक्षित मकानों की जांच और कार्रवाई शुरू की गई है।

वही अब दिल्ली के रघुबीर नगर इलाके के के-ब्लॉक के मकानों पर भी MCD की कार्रवाई देखने को मिली। यहां पुराने जर्जर मकानों को निगम की टीम के द्वारा तोड़ दिया गया । जिसके बाद काफी लोग बेघर हो गये। वह अपने सामने अपने आशियाने को टूटता देखकर रोने लगे। अब मकान टूटने के बाद वहाँ के लोग अपने सामान को लेकर इधर-उधर भटक रहे हैं। वही के रहने वाले कुछ लोगों का कहना है कि अब मकान टूट जाने की वजह से उनके पास रहने का कोई सुरक्षित स्थान नहीं है। इसके अलावा दिल्ली MCD का कहना है कि पुराने और जर्जर मकानों पर कार्रवाई का उद्देश्य लोगों की जान को संभावित खतरे से बचाना है।

नोट – आखिर में सबसे बड़ा सवाल यही है कि जिन लोगों के मकान टूट गये है वह कहाँ रहेंगे।